पीएम श्री बापू नगर भीलवाड़ा में वार्षिक उत्सव नवोत्कर्ष का भव्य आयोजन

www.daylifenews.in
भीलवाड़ा। पीएम श्री राजकीय बालिका उच्च माध्यमिक विद्यालय बापूनगर में वार्षिक उत्सव का भव्य आयोजन हर्षोल्लास के साथ संपन्न हुआ। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि शंकर लाल माली वरिष्ठ शिक्षाविद विशिष्ट अतिथि कैलाश सुथार अतिरिक्त जिला शिक्षा अधिकारी एवं लव कुमार जोशी पार्षद वार्ड नंबर 9 एवं स्थानीय विद्यालय के एसडीएमसी सदस्यों द्वारा दीप प्रज्ज्वलन के साथ किया गया।
इस अवसर पर विद्यालय के विद्यार्थियों ने एक भारत श्रेष्ठ भारत की थीम पर रंगारंग प्रस्तुतियां द्वारा उपस्थित जन समूह का मनमोहन लिया। विद्यार्थियों की रचनात्मकता अनुशासन और आत्मविश्वास ने कार्यक्रम को विशेष बना दिया। विद्यालय की प्रधानाचार्य सुनीता नानकानी ने वार्षिक प्रतिवेदन प्रस्तुत करते हुए विद्यालय की शैक्षणिक सह शैक्षणिक उपलब्धियां पर प्रकाश डाला तथा विद्यार्थियों,शिक्षकों व अभिभावको के सहयोग की सराहना की। मुख्य अतिथि शंकर लाल माली ने अपने संबोधन में विद्यार्थियों की प्रतिभा की प्रशंसा की साथ ही भारत को जानो ,भारत को मानो, भारत के बनो और भारत को बनाओ जैसे उद्बोधन से श्रोताओं के मन में राष्ट्र प्रेम की भावनाओं को जागृत किया तथा देश के लिए सदैव तत्पर रहने हेतु विद्यार्थियों को प्रेरित किया।
कार्यक्रम में बोर्ड परीक्षा में सर्वाधिक अंक प्राप्त करने वाली छात्राओ, पद्माक्षी पुरस्कार प्राप्त छात्राओं राष्ट्रीय स्तर पर चयनित नेट बॉल और बॉक्सिंग की छात्राओं तथा वर्ष पर्यंत विद्यालय की विभिन्न गतिविधियों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों एवम शिक्षकों को पुरस्कार प्रदान किए गए।
कार्यक्रम में विधायक अशोक कोठारी के प्रतिनिधि के रूप में मनोज कुमार शर्मा विभाग प्रचारक चित्तौड़, सत्यनारायण गूगङ, सुनीता स्वर्णकार,प्रशांत परमार, विवेक निमावत, दिनेश सुथार, बाबूलाल टांक, गजेंद्र सिंह संजय राठी, एसडीएमसी सदस्य लक्ष्मण सिंह राठौड़ लाडो सेवा फाउंडेशन के अध्यक्ष,सुमित्रा वैष्णव, हंसा पारीक, लक्ष्मीनारायण जी जोशी (योग गुरु) सुषमा बिश्नोई एवं अन्य गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन सुनीता जोशी द्वारा किया गया। तत्पश्चात कक्षा 12वीं की छात्राओं हेतु विदाई समारोह आयोजित किया जाकर उन्हें बोर्ड परीक्षाओं की सफलता एवं उज्जवल भविष्य की शुभकामनाएं प्रेषित की गई। कार्यक्रम के अंत में व्याख्याता स्नेहलता सनाढय ने धन्यवाद ज्ञापित किया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *