बावड़ी वाले बाबा का उर्स कूल कि रस्म के साथ मे सम्पन्न

जाफर लोहानी
www.daylifenews.in
मनोहरपुर (जयपुर)। हजरत बावड़ी वाले सैय्यद बाबा का वार्षिक उर्स कूल कि रस्म के साथ मे विधिवत सम्पन्न हुआ।
बुजुर्गानेद्दीन के खिदमतगार सलीम शाह बाबा व मुमताज़ बाबा ने बताया कि सांयकाल बाबा के चददर का जुलुस निकला जिसमे हिन्दू मुस्लिम जायरीनो ने शिरकत कि व पुष्प वर्षा की दरगाह के ख़ादिमो ने बाबा के चददर पेश कि इस दौरान उपस्तिथ जायरीनो के मुख से यही स्वर फुट रहे थे कि निगाहेँ वली मे वो तासीर देखी बदलती हुई रोज हजारों कि तक़दीर देखी इसके साथ मे भारत देश की खुशहाली की दुआएं मांगी गईं।
इसके बाद मे लज्जतदार लंगर वितरण किया गया जिसमे अकीदतमंदो ने बड़े ही चाव से खाया। इसके बाद मे रात्रि 10 बजे से सम्पूर्ण रात्रि तक महफिल ए शमा का आयोजन किया गया जिसमे राजस्थान कि प्रसिद्ध कव्वाल पार्टी द्वारा बाबा कि मान मनुहार की गईं।
कव्वालो ने ज्यों ही इतना दिया मेरे बावड़ी वाले सय्यद बाबा ने जितनी मेरी ओकात नहीं है गाया तो इस कव्वाली पर जायरीन झूम उठे व नोटों की बरसात की। इस अवसर पर बुजुर्गानेद्दीन के खिदमतगार मुमताज बाबा फज्जू शाह इरफ़ान शाह मुराद खान मोहम्मद रफीक खान मोहम्मद सलीम मनियार सईद खान बूंदु खान आबिद खान चौहान ताला से सूफ़ी अब्दुल रज्जाक खान शेख आदि उपस्तिथ थे।
इसी दौरान रंग बिरंगे परिधानो मे सज संवरकर हिन्दू मुस्लिम जायरीन अपने अपने वाहनों पर सवार होकर बाबा के गुणगान करतें हुए आए। आने के बाद मे अगरबती फूल इत्र और चादर खरीदकर बाबा के दरबार मे बड़े ही अदब और अहतराम के साथ हाजरी लगाई व अपने हक़ मे दुआएं।
उल्लेखनीय है कि साल कि पहली फ़सल का चूरमा बनाकर बाबा के पेश करतें है इसी प्रकार फल भी बाबा के पेश करतें है इनका ऐसा मानना है कि ऐसा करने से बाबा कि दुआ से पुरे साल तक फ़सल व फल के पेड़ खराब नहीं होते है।
यह भी उल्लेखनीय है कि बाबा ने कई लोगों को चमत्कार दिखाए है आसपास ही नहीं दूर दराज के लोगो को भी चमत्कार दिखाए है।
बाबा के करामात कि चर्चा जगह जगह पर होती रहती है बाबा की दुआ से लोगों के मुक़ददर संवर जाते है।
खुदा अपने वली के दर पर आने वाले जायरीनो का विशेष ध्यान रखते है यही कारण है कि वली के दर पर आने वाले कि झोली कभी भी खाली नहीं रहती है।
यह भी उल्लेखनीय है कि यहां पर हर गुरुवार को बाबा के खिदमतगार बैठते है झाड़ा देकर दुआएं करतें है इनके झाडे से प्रेत आत्मा आदि से छुटकारा मिलता है। जायरीनो ने बताया कि 7 जुम्मेरात लगातार बाबा के आने पर आपसी टकराहट द्वेषता तंगदस्ती गरीबी दूर होती है। जिनके औलाद नहीं होती उनके औलाद होती है जिनकी शादी नहीं होती है उनकी शादी हो जाती है।

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