पर्यटन दिवस पर किया राजस्थान पर्यटन के असली नायकों का सम्मान

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जयपुर। विश्व पर्यटन दिवस के अवसर पर होटल फेडरेशन ऑफ राजस्थान ने उन विशिष्ट व्यक्तियों और पर्यटन कर्मियों को सम्मानित किया, जिनकी वर्षों की मेहनत, समर्पण और उत्कृष्ट सेवाओं ने राजस्थान के “पधारो म्हारे देश” को विश्वभर में पहचान दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
पर्यटन केवल होटल, महल और स्मारक नहीं है—पर्यटन की असली ताकत उससे जुड़े लोग हैं। होटल व्यवसायी, टूर ऑपरेटर, सरकारी पर्यटन अधिकारी, गाइड, फ्रंट ऑफिस टीम, हाउसकीपिंग स्टाफ, शेफ, सुरक्षा कर्मचारी और लोक कलाकार—सभी मिलकर हर पर्यटक के राजस्थान अनुभव को यादगार बनाते हैं।
इस विशेष अवसर पर निम्न पर्यटन योद्धाओं को सम्मानित किया गया:
भीम सिंह – राजस्थान टूर्स : वर्ष 1959 से राजस्थान पर्यटन की सेवा में समर्पित, भीम सिंह ने देश-विदेश के पर्यटकों को राजस्थान से जोड़ने में उल्लेखनीय योगदान दिया है। 95 वर्ष की आयु में भी सक्रिय रूप से कार्य करना उनके राजस्थान पर्यटन के प्रति असाधारण समर्पण का प्रमाण है।
आयदान सिंह – रामबाग पैलेस : फूड एंड बेवरेज विभाग में वर्षों से उत्कृष्ट सेवा प्रदान करते हुए राजस्थान की अतिथि सत्कार परंपरा और रामबाग पैलेस की प्रतिष्ठा को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया।
जय भार्गव – जयपुर इन : जयपुर के प्रतिष्ठित और पुराने होटलों में शामिल जयपुर इन की शुरुआत वर्ष 1976 में स्वर्गीय विंग कमांडर आर. एन. भार्गव जी ने की थी। लगभग पांच दशकों की इस हॉस्पिटैलिटी विरासत को आज उनके पौत्र जय भार्गव आगे बढ़ा रहे हैं। पीढ़ियों से देशी-विदेशी पर्यटकों की सेवा करता जयपुर इन राजस्थान की पारंपरिक और आत्मीय मेहमाननवाजी का बेहतरीन उदाहरण है।
रामबाबू मीणा – रामबाग पैलेस : सुरक्षा एवं अतिथि सुविधा के क्षेत्र में अपनी तत्परता और आत्मीय व्यवहार से पर्यटकों के अनुभव को सुरक्षित और यादगार बनाने में निरंतर योगदान दे रहे हैं।
धर्मेंद्र मेहरा – रामबाग पैलेस : हाउसकीपिंग में उत्कृष्टता तथा अंतरराष्ट्रीय स्तर के स्वच्छता मानकों को बनाए रखते हुए वर्षों से श्रेष्ठ सेवाएं प्रदान कर रहे हैं।
श्रीमती हिमांशु बाला – रामबाग पैलेस : फ्रंट ऑफिस पर अपनी मधुर भाषा, शालीनता और उत्कृष्ट अतिथि सेवा के माध्यम से नारी शक्ति और प्रोफेशनल उत्कृष्टता का प्रेरणादायक उदाहरण प्रस्तुत किया है।
करण सिंह – Primitive & Native, Jaipur : राजस्थान के आधुनिक फूड एवं बेवरेज सेक्टर को राष्ट्रीय पहचान दिलाने में उल्लेखनीय योगदान। Primitive और Native जैसे प्रतिष्ठानों को देश के प्रतिष्ठित रेस्टोरेंट एवं बार की श्रेणी में पहचान दिलाकर जयपुर और राजस्थान की हॉस्पिटैलिटी को नई ऊंचाई दी।
मोनार्क सिंह – हेड शेफ, Primitive Restaurant : हॉस्पिटैलिटी की सफलता के पीछे उन लोगों की मेहनत होती है, जो अक्सर पर्दे के पीछे रहकर काम करते हैं। Primitive Restaurant के हेड शेफ मोनार्क सिंह इसी भावना के शानदार प्रतिनिधि हैं। अपनी टीम के साथ निरंतर गुणवत्ता, स्वाद और उत्कृष्टता सुनिश्चित करते हुए उन्होंने प्रतिष्ठान की पहचान बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
हितेंद्र सिंह – टूर एवं ट्रैवल सेक्टर : देशी-विदेशी पर्यटकों की यात्रा के दौरान उनकी सुविधा और व्यक्तिगत देखभाल को प्राथमिकता देते हुए उत्कृष्ट सेवाएं प्रदान कीं और अनेक प्रशंसाएं अर्जित कीं।
अरुण कुमार भट्ट – वरिष्ठ टूरिस्ट गाइड : पिछले 35 वर्षों से जयपुर के इतिहास, विरासत और पर्यटन स्थलों की कहानियों को देश-विदेश के पर्यटकों तक पहुंचा रहे हैं। नई पीढ़ी के टूरिस्ट गाइड भी उनके अनुभव और ज्ञान से सीखते हैं।
तेजपाल नागोरी – राजस्थानी लोक कलाकार : अपनी लोक कला और प्रस्तुतियों के माध्यम से जयपुर एवं राजस्थान आने वाले पर्यटकों को राजस्थान की जीवंत संस्कृति और परंपराओं से रूबरू करवाने में महत्वपूर्ण योगदान।
यादवेंद्र सिंह – सामोद : राजस्थान की हेरिटेज हॉस्पिटैलिटी, विरासत और संस्कृति को देश-विदेश के पर्यटकों तक पहुंचाने तथा इसे संरक्षित करने के लिए वर्षों से निरंतर प्रयासरत हैं।
महेश भट्ट – राजस्थानी नृत्य कलाकार : राजस्थानी लोक नृत्य एवं कला के माध्यम से पर्यटकों को राजस्थान की रंग-बिरंगी संस्कृति से जोड़ते हुए हमारी लोक परंपराओं और सांस्कृतिक विरासत को जीवंत रखने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
उपेंद्र सिंह जी शेखावत – उप निदेशक, राजस्थान पर्यटन, राजस्थान सरकार
यदुवेंद्र सिंह – होटल सामोद महल राजस्थान में हेरीटेज सेक्टर को बढ़ाने के लिए आप पांच दशक से काम कर रहे हैं।
राजस्थान पर्यटन विभाग में अपनी सेवाओं के दौरान उपेंद्र सिंह जी शेखावत ने प्रदेश में आने वाले अनेक राष्ट्राध्यक्षों, विशिष्ट अतिथियों एवं VIP प्रतिनिधिमंडलों की पर्यटन संबंधी व्यवस्थाओं और समन्वय की महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभाली हैं। राजस्थान की गरिमा, संस्कृति और अतिथि सत्कार को विशिष्ट अतिथियों के समक्ष उत्कृष्ट रूप से प्रस्तुत करने में उनकी दीर्घ सेवाएं सरकारी पर्यटन तंत्र के उन समर्पित अधिकारियों का प्रतिनिधित्व करती हैं, जो पर्दे के पीछे रहकर राजस्थान की छवि को मजबूत बनाते हैं।
होटल फेडरेशन ऑफ राजस्थान इन सभी पर्यटन योद्धाओं को नमन करता है। कोई अतिथि का स्वागत करता है, कोई उसे राजस्थान का इतिहास सुनाता है, कोई हमारी संस्कृति प्रस्तुत करता है, कोई उसकी सुरक्षा और स्वच्छता सुनिश्चित करता है और कोई पर्दे के पीछे पूरी व्यवस्था संभालता है। इन सभी के सामूहिक प्रयास से ही राजस्थान का “पधारो म्हारे देश” वास्तव में जीवंत होता है। हमारी विरासत राजस्थान की पहचान है, लेकिन उसे जीवंत रखने वाले हमारे लोग राजस्थान पर्यटन की असली आत्मा हैं।
इस अवसर पर होटल फेडरेशन ऑफ राजस्थान ने अध्यक्ष हुसैन खान, सचिव रणविजय सिंह राठौड़ के कार्यों एवं आयोजन की सराहना की।

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